⚡ एक टा पुरान लोकक शुभेच्छु सुझाव ! (काल्हि साहित्य अकादेमी पुरस्कार विजेता वर्ग केंँ)
जे एहि बेरुक 'साहित्य अकादेमी पुरस्कार'क प्रबल प्रत्याशी छी तनिका सभ केँ काल्हुक पुरस्कार घोषणाक बेचैनीक तँ अन्त रहत परन्तु तकरा पाछाँ आइ राति निद्रा मे कमाप्ति नहिं रखै जाएब। चैन सँ सुतबाक चेष्टा करब।
भेटतनि तँ किनको एके गोटय केंँ। से एक गोटय यदि बूझल अछि अहीं छी तैयो निचैन भ' सुतू। नहिं बूझल अछि तखन तँ आरो तानि चदरिया पड़ा रहो...
हमर अग्रिम बधाइ
💐📕💐
शुभरात्रि ।
गंगेश गुंजन #उचितवक्ताडेस्क।
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