।१।.
फूल पर किछु बात च'लय। कोरोना अपना जगह पर।
।२।. कोरोनो काल मे कयलक फुलाएब फूल अपन बंद ? बगड़ा-पड़वा-मैना चहकब,कौआ कुचरब बंद केलक ? ।३।.
आँखि नहि तँ रंग सभ टा लगय कारी रहय जँ आनो संगे सब लाल लागत । ।४।.
जाय नहि दी राखी ह्रदय मे पुरनो सब किछु बात। जेना अपन भोजन कालहि मे कुकुरहु कौराक भात। 🌿🌸🌼🌾💮🌺🌾🌿
गंगेश गुंजन 🌺 [उचितवक्ता डेस्क]
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